करवा चौथ का दिन सभी महिलाओं के लिए बेहद शुभ माना जाता है। करवा चौथ के दिन विवाहित महिलाएं व्रत रखती हैं और अपने पतियों की लंबी उम्र और सुरक्षा के लिए प्रार्थना करती हैं। यह पर्व पति और पत्नी के बीच प्यार और समर्पण का प्रतीक है। यह त्योहार पूरे उत्तर भारत में व्यापक रूप से मनाया जाता है और इसका अत्यधिक महत्व है, क्योंकि महिलाएं इस मौके पर अपने पतियों की लंबी उम्र, स्वास्थ्य और समृद्धि के लिए व्रत रखती हैं। ऐसा कहा जाता है कि इस व्रत का पालन करने से अखंड सौभाग्य की प्राप्ति होती है। साथ ही वैवाहिक जीवन सुखी रहता है। पंचांग के अनुसार इस साल यह व्रत 20 अक्टूबर को रखा जाएगा।
यदि किसी के वैवाहिक जीवन में लगातार मुश्किलें आ रही हैं, तो उन्हें करवा चौथ के दिन एक कागज पर अपनी सभी समस्याओं के बारे में लिखना चाहिए, जिससे वो निजात पाना चाहती हैं। इसके बाद दूसरे कागज पर उस समस्या का हल लिखना चाहिए। फिर किसी भी शिवालय जाकर शिव परिवार की विधिवत पूजा करनी चाहिए। इसके बाद शिव जी के चरणों में उस प्रार्थना की अर्जी को अर्पित कर देना चाहिए। इसके पश्चात भगवान शंकर से सुखी वैवाहिक जीवन की कामना करनी चाहिए और मंदिर से आते समय परेशानी वाले कागज को वहीं छोड़कर और समाधान वाले कागज को लेकर आना चाहिए। इस बात का ध्यान रखें कि इस उपाय को करते समय आपको कोई देख न पाए। इससे आपको तुरंत बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे।